Gaon Ki Bhabhi Ki Chudai – खेत में ले जाकर चुदवाने लगी अन्नू भाभी
नमस्कार दोस्तों, आशा करता हूँ की आप सब खैरियत से होंगे. दोस्तों जैसा की आप सभी को पता है जीवन में चुदाई ही एक ऐसा कार्य है जिसके सभी दीवाने है. यहाँ तक की आजकल हर कोई अपनी ठरक सोशल मीडिया तक जाहिर कर रहा है. क्योंकि ये जवानी है ही दीवानी. और इसलिए आज मैं आपके लिए लेकर आया हूँ Gaon Ki Bhabhi Ki Chudai कहानी.
दोस्तों मेरी यह Gaon ki chudai kahani मेरी सगी भाभी के साथ है जिनको मैंने पिछले दिनों खेत में ले जाकर चुपके से चोदा था. दरअसल मैं अपनी अन्नू भाभी को इतना पसंद आ गया हूँ की अब वो मेरे से बिना चुदवाये नही रह पाती है. क्योंकि दोस्तों मैं शुरू से ही शहर में पढाई के लिए गया हुआ था. और अब मैं इतना मोर्डन बन चूका हूँ की जब से मैं घर आया हूँ तब से मेरी अन्नू भाभी मेरी ऐसे सेवा कर रही है जैसे कोई पत्नी अपने पति की करती होगी.
मैं आपको अपने बारें में बताऊ तो दोस्तों मेरी उम्र अभी महज 21 बरस हुई है और मैं फ़िलहाल NEET की तैयारी कर रहा हूँ. अभी पिछले अटेम्पट में मेरा सिलेक्शन कुछ ही नम्बर से रह गया था. लेकिन उम्मीद है की इस बार मैं NEET की परीक्षा को आसानी से निकाल लूँगा. मेरी अन्नू भाभी के बारें में बताऊ तो वो अभी 32 बरस की हुई है.
लेकिन दिखने में वो केवल अभी 25 बरस की लड़की नजर आती है. उनका बदन एकदम स्लिम टाइप का. और जब वो चलती है तो उनके कुल्हे 61-62 होते रहते है. उनके कूल्हों को देखकर मेरा तो पहले दिन से ही उनको चोदने का मन हो चूका था. लेकिन मुझे क्या पता था की भाभी खुद भी चुदवाने के लिए उतावली हो रखी है.
क्योंकि दोस्तों एक चुदाई ही ऐसी चीज है जिसका सीधा प्रोपोजल नही दिया जाता है. ये जब भी मिलती है बहाने से ही मिल पाती है. इसके लिए सीधा प्रपोजल देना किसी खतरे से खाली नही होता है. अब मैं आपको अपने भैया के बारें में बताऊ तो वो अभी एक कारीगर का काम करते है और भाभी से करीब 10 बरस बड़े है. अगर आप उन्हें देखोगे तो कहोगे ये इतनी हॉट लड़की रामू भैया की पत्नी है??
इस प्रकार हर किसी के मन में सवाल उठ खड़ा होगा. की यार ये रामू भैया की पत्नी कैसे हो सकती है? क्योंकि उनकी गदराई हुई गांड है ही ऐसी की हर कोई उन पर लट्टू होने चाहेगा. इसी कड़ी मैं दोस्तों अब मैं जब से घर पर आया हूँ अन्नू भाभी मेरे से कुछ ज्यादा ही लगाव बना रखी थी. और वो मेरे से हर एक बात शेयर करने लगी थी.
यहाँ तक की वो मेरे से सेक्सी बातें भी शेयर करने लगी थी. लेकिन दोस्तों मैं कभी-कभी उनकी बातों को टाल देता है. क्योंकि मुझे डर लगता था की अगर मैं इन बातों पर आगे बढ़ा तो कोई पंगा हो जाएगा. इसी दौरान दोस्तों एक दिन शाम के समय अन्नू भाभी मेरे को हमारे खेत में ले गयी. जहाँ हमें वहां से गाय के लिए घास लाना था.
हालाँकि मेरे को घास लाना तो नही आता था लेकिन जब भाभी ने बोला तो मुझे उनके साथ जाना ही पड़ा. इसके बाद दोस्तों भाभी खेत में जाकर घास खोदने में लग गयी. तथा अब हम दोनों नार्मल बातें बतलाने में लग गये. और फिर दोस्तों मानों की भाभी को सेक्सी बातें करने का इन्तजार ही हो रखा हो. इसलिए भाभी बोली- देवर जी आपके कोई लड़की भी सेट है क्या आप ऐसे ही फिर रहे हो?
मैं- नही भाभी लड़की सेट करूँगा तो पढाई कैसे कर पाऊंगा.
भाभी- अच्छा, ऐसा भी हो सकता है क्या इतना हेंडसम लड़का और उसके कोई लड़की सेट न हो.
मैं- आपके सामने है भाभी मैं कोई झूठ नही बोल रहा हूँ. हालाँकि मैं आपको बताऊ मेरी क्लास में अधिकतर लड़कों की गर्लफ्रेंड है लेकिन मेरे को इसका कोई शौक नही है.
भाभी- अच्छा, आपको शौक क्यूँ नही है आपका मन नही करता किसी को गर्लफ्रेंड बनाने का.
मैं- करता तो है भाभी लेकिन पढाई भी तो जरूरी है न. क्योंकि फिर मैं इसी चक्कर में लग जाऊंगा और फिर डॉक्टर वाला सपना पापा को कौन दिखायेगा?
भाभी- काफी समझदार हो देवर जी आप.
मैं- क्या करें भाभी समझदारी तो आ ही जाती है. सबसे जरूरी है खुद पर कण्ट्रोल कर लेना. अगर आप खुद पर कण्ट्रोल कर लोगे तो दुनिया की कोई ताकत नही है जो आपको हरा पाएगी.
ये Gaon Ki Bhabhi Ki Chudai कहानी आप हमारी वेबसाइट gandikahaniyan.com/ पर पढ़ रहे है.
भाभी- खुद पर कण्ट्रोल का क्या मतलब?
मैं- जैसे सेक्स जैसा कण्ट्रोल.
भाभी- सेक्स पर कैसे कण्ट्रोल हो जाता है आपसे आपके भैया से तो नही हो पाता है.
भाभी के मुंह से ये बात सुनकर दोस्तों मैं तो एकदम से हैरान रह गया. और फिर भाभी अपनी सेक्स की गाथा बताने में लग गयी. जैसे की आपके भैया तो जब मैं नई-नई शादी करके आई थी तो मेरे को दूर भी नही जाने देते थे. और पुरे दिन मेरे साथ ही लगे रहते थे.
अब दोस्तों मेरे को भी उनसे ये बातें सुनने में काफी मजा आने लगा था. इसलिए मैं उनसे और…फिर..क्या हुआ??? ऐसे सवाल कर रहा था. जिसका अन्नू भाभी बेबाक अंदाज में जवाब दे रही थी. और दोस्तों आपको सच बताऊ तो उनका ये जवाब देने का तरीका मेरे लंड को खड़ा करने के लिए काफी था. क्योंकि उनकी बातों में केवल और केवल हवास दिखाई दे रही थी.
फिर दोस्तों मैं भी अन्नू भाभी के साथ खुल गया और मैं उनसे उनकी फेवरेट सेक्स पोजीशन जैसे सवाल करने लग गया. और वो मेरे को बेबाक अंदाज में सब कुछ बता रही थी. जिसे सुनकर मेरे मन में उनके प्रति चुदाई का पूरा-पूरा ख्याल आने लग गया. और अब दोस्तों उन्होंने भी मेरे को बोला- आप कैसे कर लेते हो कण्ट्रोल? क्या आपने कभी मूठ भी नही मारा?
मैं- मूठ तो मार लेते हूँ लेकिन भाभी ऐसी किसी को अभी तक चुदाई का मजा नही दिया है.
भाभी- इसका मतलब आपने कभी चूत भी नही देखी होगी?
मैं- हाँ भाभी, सच में नही देखी हालाँकि फिल्मों में जरूर देख रखी है लेकिन रियल लाइफ में नही देखी कभी.
मेरा ये जवाब सुनकर भाभी भी काफी हंसी और बोली-आपने अभी तक चूत (gaon ki chut) भी नही देखी, देखने की इच्छा है आपकी?
मैं- इच्छा तो है लेकिन दिखायेगा कौन मेरे को?
भाभी बोली- अगर मै आपको चूत के दर्शन करवा दूं तो क्या दोगे?
मैं- भाभी अगर आप मेरे को अपनी चूत दिखा दो तो जो मगोगी वो मिलेगा.
भाभी- मेरे को कुछ नही चाहिए, लेकिन अगर आपको पसंद आ जाए तो आप मेरे साथ एक बार सेक्स जरूर कर लेना. क्योंकि मेरे को बहुत इच्छा है आपसे सेक्स करने की.
भाभी की ये बात सुनकर मैं तो एकदम से चौक गया और बोला- भाभी कब से आपकी इच्छा हो रखी है मेरे संग चुदाई करवाने की?
भाभी- जब से आप घर पर आए है तभी से देवर जी मेरा मन आपसे करवाने का बहुत हो रहा है. और मेरे मन में ख्याल है की परसों के दिन आप वापस चले जाओगे जिससे पहले आप अपनी प्यारी सी भाभी को एक बार चुदाई का मजा दे दो….. प्लीज…. आप बुरा मत मानना मेरी बात का.
ये Gaon Ki Bhabhi Ki Chudai कहानी आप हमारी वेबसाइट gandikahaniyan.com/ पर पढ़ रहे है.
मैं- नही नही भाभी बताऊंगा तो किसी को नही लेकिन आप ये बात मेरे को इतने दिन पहले क्यूँ नही बताई मैं खुद भी कब से आपको याद करके मूठ मार लेता हूँ.
ये बात सुनकर भाभी भी मुस्कुराई और मेरे पास आ गयी तथा मेरे को एक किस करके बोली- अब आपको मूठ मारने की कोई जरूरत नही है, आप अब मेरी चूत ही मार सकते हो.
और अब भाभी गन्ने के खेत के बीच में मेरे संग खूब जोर जोर से किस करने में लग गयी. यहाँ तक की वह मेरे होठ इस प्रकार पी रही थी जैसे की कोई पागल औरत हो. तथा मैंने महसूस किया की उनकी सांसे भी काफी गर्म हो रखी थी. इसलिए मैं समझ चूका था की भाभी को चुदाई की आग बहुत लग चुकी है. इसलिए वह अब जल्द से जल्द चुदवाना चाह रही है.
इसलिए मैंने भी देर न की और अन्नू भाभी को सामने से चूमना शुरू कर दिया. और अब मैं भी उनके होठ पिने का मजा लेने लगा. आपको तो पता ही है मेरा लंड तो वैसे ही उनकी सेक्सी बातों से आलरेडी खड़ा हो चूका था. और अब मानों जब से उनके होठ पिने लगा था तब से और खड़ा हो गया. और इस दौरान मेरा लौड़ा पूरा 7 इंच लम्बा हो गया था.
तभी भाभी अब एक हाथ से मेरे लंड पर अपना प्यार भरा हाथ फिरा रही थी. और जैसे ही उन्होंने मेरे लंड को छुआ मेरे अंदर तेज झुनझुनी दौड़ पड़ी. क्योंकि पहली बार किसी औरत ने मेरे लंड को छुआ था. और इतनी खुबसुरत मेरे लंड को छू रही थी. इसलिए करीब 2 मिनट तक सहलाने की वजह से ही मेरा लंड चड्डी के अंदर ही पिचकारी छोड़ चूका था.
और जैसे ही भाभी ने पेंट के ऊपर गीला-गीला माल महसूस किया तो बोली- आप तो कच्चे खिलाड़ी लगते हो देवर जी?
मैं बोला- कैसे भाभी?
भाभी- आप तो सिर्फ हाथ सहलाने से ही माल छोड़ दिए.
मैं- अब भाभी आपकी जैसी हॉट लड़की हाथ सहलाएगी तो ऐसा तो होगा ही.
इतना सुनते ही दोस्तों भाभी अब मेरी गोद में बैठ गयी और अब मैं खुद ही निचे से उनकी साड़ी को ऊपर करने लग गया. क्योंकि इस दौरान मेरे को अन्नू भाभी की चुदाई का नशा जो चढ़ चूका था. अब मैं बोला- भाभी कहीं आप भैया को तो नही बता दोगी ना?
भाभी- पगला गये हो क्या आप ऐसी बातें भी किसी ओर को बताई जाती है क्या?
ये Gaon Ki Bhabhi Ki Chudai कहानी आप हमारी वेबसाइट gandikahaniyan.com/ पर पढ़ रहे है.
मैं- तब ठीक है,,,, अब मैं लगातार उनकी साड़ी को ऊपर किए जा रहा था. और अब उनका वो गोरा बदन मेरे सामने आ गया गया था जिसे देखने के लिए मैं दिन रात तरस रहा था. इसलिए अब दोस्तों मेरे से बिलकुल भी कण्ट्रोल नही हो रहा था. यहाँ तक की अभी कुछ ही देर पहले मेरे लंड से माल निकला था लेकिन अब उनका ये बदन देखकर मेरा लंड फिर से खड़ा हो चला था.
और अब भाभी के चुभने भी लगा था. मेरे लंड को महसूस करके भाभी बोली- वाह जादूगर देवरजी आप तो झट से खड़ा कर लिए अपने लंड को वापस.
मैं- भाभी जब से आपका ये स्लिम बदन देखने और छूने को मिला है तब से मेरा लंड फिर से फनफनाने में लग गया है. अब मेरे से कण्ट्रोल नही हो रहा है.
इतना सुनते ही भाभी जमीन पर लेट गयी और अब मैं उनकी साड़ी को उनकी चड्डी तक ला दिया. जहाँ मैंने देखा की उन्होंने इस दौरान नील रंग की चड्डी पहन रखी थी. और उस नील रंग की चड्डी में उनका बदन काफी खिल रहा था. तथा मानों की उनकी चड्डी के ऊपर से ही मेरा लंड फाड़कर उनकी चूत में घुसने के लिए बेताब हुआ जा रहा था.
अब मेरा मन भाभी की चूत के सामने हाथ फिराने का करने लग गया. और मैं ठीक वैसे ही करने में जुट गया. और जैसे ही मैंने भाभी की चूत को छुआ…भाभी मानों पागल हो गयी. और कहने लगी… आह्ह… देवर जी… ऐसे ही… और जोर से…” भाभी सिसकारियाँ भर रही थीं. उनकी ये चुदाई की आग महसूस करके मैंने उनके चूचों को बारी-बारी चूसा, दबाया, और उनके निप्पल्स को हल्के से काटा. तथा अब मैं लगातार उनकी चड्डी के ऊपर से ही उनकी चूत को फील करने में लग गया.
इस दौरान करीब 5 मिनट तक ऐसा करने के बाद अन्नू भाभी की पैंटी गीली हो चुकी थी. मैंने उनकी जाँघों को सहलाते हुए उनकी पैंटी उतारी. उनकी चूत पूरी तरह गीली थी, और उसकी खुशबू मेरे होश उड़ा रही थी. मैंने अपनी जीभ उनकी चूत पर रखी और उसे चाटना शुरू किया.
“आह्ह… हाय… देवरजी… ये क्या कर रहा है… उफ्फ…” भाभी की आवाज में मस्ती थी. मैंने उनकी चूत की फाँकों को अपनी जीभ से खोला और अंदर तक चाटने लगा. कभी मैं उनके क्लिट को हल्के से दाँतों से कुरेदता, तो कभी अपनी जीभ को उनकी चूत के अंदर डाल देता. मेरे को अन्नू भाभी की वो रसीली चूत इतनी भा रही थी की दोस्तों अब मन कर रहा था खा जाऊ इस चूत को.
इस दौरान अन्नू भाभी की जाँघें मेरे सिर को जकड़ रही थीं, और वो बार-बार सिसकार रही थीं, “आह्ह… उह्ह… बस कर… नहीं तो मैं अभी झड़ जाऊँगी…” दस मिनट तक मैं उनकी चूत चाटता रहा. उनकी चूत से रस टपक रहा था, और मैंने सारा रस पी लिया. फिर भाभी ने मुझे नीचे लिटाया और मेरे ऊपर आ गईं.
अब भाभी बोली- बस देख ली ना चूत अब मेरे को अपना लंड दिखाओ.
इतना कहते ही मैंने भी अपनी पेंट उतार दी और अब मैं उनके सामने अपना 7 इंच का लम्बा लंड लेकर खड़ा हो गया. और मेरे लंड को देखते ही भाभी को शरारत सूझी और और उन्होंने झट से लंड को पकड़कर अपने मुंह में ले लिया. और लगातार चूमने में लग गयी. करीब 5 मिनट तक मेरे लंड को जबर्दस्त तरीके से चूमने के बाद भाभी बोली- वाह क्या लंड है आपका देवर जी, इतने दिन क्यूँ इसे कैद करके रखे थे. आपकी भाभी कब से आपसे चुदवाने के लिए बेताब हुए जा रही थी.
अब आओ और चोदो अपनी भाभी को मस्ती से. इतना सुनते ही मैं अब अन्नू भाभी के सामने आ गया और अब अपने लंड के टोपे को उनकी चूत पर सहलाने में लग गया. तथा जैसे ही मैंने अपने लंड को भाभी की चूत पर टच किया भाभी फिर से पागल होने लग गयी. और आह्ह…….. अह्ह्हह्ह्ह्हह्ह………अह्ह्ह्हह्ह्ह्हह्ह………… अह्ह्ह्हह्ह्ह्ह………….अह्ह्हह्ह्ह्हह्ह….. देवरजी करने में लग गयी.
अब दोस्तों उनकी ये तड़प देखकर मेरे से भी कण्ट्रोल नही हो रहा था. इसलिए अब मैंने उनकी चूत के छेद में अपना लंड डालना ही बेहतर समझा. तथा अब मैंने बोला- भाभी आप प्लीज मेरे लंड को अपनी चूत पर सेट कर दो.
इतना सुनते ही भाभी ने मेरे लंड को पकड़कर अपनी चूत के छेद पर सेट कर डाला. और बोली- हाँ अब सेट है प्लीज जाने दो इसे अंदर मेरे से नही रहा जा रहा है…देवरजी…. चोद डालो अपनी भाभी की चूत को…. प्लीज…. जबरदस्त तरीके से.
इतना सुनते ही मैंने अपने लंड से भाभी की रसीली चूत में एक धक्का मारा. उनकी चूत इतनी गर्म और टाइट थी कि मैं जन्नत में पहुँच गया था. उनके चूचे हवा में उछल रहे थे, और मैं उन्हें जोर-जोर से दबा रहा था. “आह्ह… चोद मुझे, देवर… और जोर से…” भाभी चिल्ला रही थीं. करीब दस मिनट तक मैं भाभी को उनके ऊपर आकर ऐसे ही चोद रहा था.
फिर भाभी बोली- ऐसा लंड है तेरा काश तू मेरे को घोड़ी बनाकर चोदे तो चार चाँद लग जाए.
इतना कहते ही भाभी घोड़ी बन गयी. और अब मैं खुद पीछे आकर उनको डौगी स्टाइल में उनकी कमर को पकड़कर अपने लंड से दनादन धक्के दिए जा रहा था. और वो साथ में आह…आह्ह…अहहः…अहहहः….अहहहः… करके चुदाई का भरपूर मजा ले रही थी.
करीब 2 मिनट घोड़ी बनकर चुदने में ही भाभी की चूत में से पानी बहने लग गया. और अब हर झटके में फट….फट….फट…फ.ट…..फ.ट…ट.ट.ट…. जैसी आवाजें आनी शुरू हो गयी थी. जिन्हें सुनकर मेरे अंदर एक अजीब सा जोश आ चूका था. तथा अब मैं लगातार उनको जोर-जोर से करीब 20 मिनट तक पीछे से कंधे पकड़कर चोद रहा था.
ये Gaon Ki Bhabhi Ki Chudai कहानी आप हमारी वेबसाइट gandikahaniyan.com/ पर पढ़ रहे है.
इस दौरान भाभी की सिसकारियाँ और तेज हो गईं, “आह्ह… उह्ह… और जोर से… फाड़ दे मेरी चूत…” मैंने अपनी रफ्तार बढ़ा दी और उनकी चूत को जोर-जोर से चोदने लगा. अब मेरा निकलने वाला था. मैंने लंड बाहर निकालने की कोशिश की, लेकिन भाभी ने मुझे रोक लिया.
बोली- “अंदर ही छोड़ दे, देवर… मुझे तेरा माल चाहिए…” उनकी बात सुनकर मैं और उत्तेजित हो गया. मैंने जोर-जोर से धक्के मारे, और फिर अपनी सारी मलाई उनकी चूत में छोड़ दी. “आह्ह… हाय…” भाभी भी मेरे साथ झड़ गईं.
इसके बाद भाभी भी निढाल हो गयी और मेरे से प्यार करने में लग गयी और बोली- काश तुम मेरे पति होते… कितनी हसीं मेरी जिन्दगी होती… इतना खतरनाक लंड है आपके पास और आप मेरे को चोदे भी नही आज तक. मैं आपसे रूठी हुई हूँ.
भाभी की ये नौटंकी देखकर मैं अब उनको किस करके मनाने में लग गया. और अब वो मेरे से झट से मान गयी तथा बोली- अब आप प्रॉमिस करो की मेरे को हमेशा इसी तरह चोदोगे?
मैं बोला- भाभी आपको इससे भी बेहतर तरीके से चोदुंगा, आप चिंता मत करो.
इतना कहकर हम दोनों घर जाने में लग गये. फिर हमने घर जाकर कई बार चुदाई की. कभी मैंने उन्हें घोड़ी बनाकर चोदा, तो कभी उनकी टाँगें कंधों पर रखकर उनकी चूत को रगड़ा. हर बार भाभी की सिसकारियाँ और उनकी गर्म चूत ने मुझे पागल कर दिया. उस दिन के बाद से जब भी मौका मिलता है, मैं भाभी को चोद लेता हूँ.
ये Gaon ki desi chudai कहानी आप हमारी वेबसाइट gandikahaniyan.com/ पर पढ़ रहे है. उम्मीद है आपको यह Gaon ki sex kahani बहुत पसंद आई होगी. अगर आपको मेरी Gandi Kahaniyan पसंद आती है तो आप हमे कमेंट करके बता सकते है. हम आपके लिए ऐसे ही मजेदार कहानियां लेकर आते रहेंगे.